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Friday, May 22, 2020

मुक्तसर से बीमार बेटी को दवा दिलाने लुधियाना गया परिवार, वापसी में मोगा में 2 दिनों से अटका

पिछले दो दिनों से बीमार बेटी को लेकर परिवार दवा दिलवाने के लिए निकाला था। अस्पताल से दवाई लेने के बाद उनको अपने शहर जाने की बस नहीं मिली। तो वह मोगा आ गए। वह बीमार बेटी को साथ लेकर 9 नंबर न्यू टाउन स्थित धर्मशाला पहुंचे। लेकिन वहां कमरे देने से इंकार करने पर बीमार बेटी को लेकर रिक्शा से बस स्टैंड पहुंचे। बस स्टैंड पर बैठ कर सारी रात गुजारने को मजबूर हुए। वहीं मोगा बस स्टैंड पर मौजूद अधिकारियों ने कहा कि मोगा से मुक्तसर साहिब के लिए बस सेवा नहीं है। लेकिन मुक्तसर साहिब से मोगा के लिए बस सेवा है। ऐसे में वहां से आने वाली बस में परिवार को बिठा कर उनके घर भेजा जाएगा।
श्री मुक्तसर साहिब निवासी राम किशोर ने बताया कि वह सेल्जमैन का काम करता है। उसकी 17 साल की बेटी आश्ना बीमार थी। इसके चलते बुधवार को वह अपनी पत्नी नीलम व बेटी के साथ बस से लुधियाना के अपोलो अस्पताल में दवाई लेने के लिए गए थे। उनको पता नहीं था कि लुधियाना से मुक्तसर साहिब के लिए बस सेवा नहीं है। मालूम होता तो शायद वह दवाई लेने लुधियाना नहीं जाते।
अलोपों अस्पताल से दवा लेने के बाद वह तीनों आटो रिक्शा करके बस स्टैंड पहुंचे। वहां जाकर पता चला कि पंजाब सरकार द्वारा 19 मई से शुरू की गई बस सेवा के दौरान लुधियाना से मुक्तसर साहिब के लिए कोई बस नहीं है। वहां कुछ देर इंतजार करने पर उन्हें कहा गया कि मोगा बस जाएगी। वहां से मुक्तसर साहिब के लिए आसानी से बस मिल जाएगी। बुधवार की शाम को चार बजे परिवार समेत मोगा बस स्टैंड पर पहुंचे तो बेटी की तबीयत खराब होने के चलते यहां आकर पता चला कि मुक्तसर साहिब के लिए कोई बस रूट नहीं है।
फिर उसने धर्मशाला के बारे में पता किया तो वह रिक्शा लेकर नौ नंबर न्यू टाउन स्थित धर्मशाला में रात गुजारने के लिए कमरा लेने के लिए गए। लेकिन धर्मशाला वालों ने कमरा देने से इंकार कर दिया। वह वापस रिक्शा से वापस बस स्टैंड पहुंचे और बीमार बेटी के साथ सारी रात बस स्टैंड पर गुजारी। रात को खाना मिल गया था। लेकिन वीरवार की सुबह से वह भूखे प्यासे इस इंतजार मेंं बैठे थे कि कब उनको पता चले कि मुक्तसर साहिब जाने के लिए बस तैयार है और वह उससे अपने घर के लिए रवाना हो सकें।
वहीं पंजाब रोडवेज के इंस्पेक्टर रछपाल सिंह ने कहा कि मोगा से मुक्तसर साहिब के लिए बस रूट नहीं है। लेकिन मुक्तसर साहिब से लुधियाना बस गई है। मुक्तसर डिपू वालों से बात हो गई है। वह बस मोगा आएगी तथा मुक्तसर जाने वाली सवारियों को उसमें बिठाकर भेजा जाएगा। वहीं बाद में पता चला कि इनको आज मुक्तसर के लिए भेज दिया गया।



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May 22, 2020 at 05:03AM

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