Amazon

Monday, May 18, 2020

अपने राज्यों को वापस जाने से अब श्रमिक कर रहे इनकार, फ्री यात्रा जारी रहेगी और बस भी चलेंगी

(सुरिंदर सिंह)
हेलो आपके रजिस्ट्रेशन हो गई है, आप गांव जाना चाहते हैं। आगे से जवाब आता है नहीं नहीं सर हमें दोबारा से काम मिल गया है अब हम नहीं जाएंगे। यह बातें डीसी ऑफिस में बैठे कर्मचारी और श्रमिकों के बीच फोन पर हुईं। श्रमिकों के गांव वापस जाने की संख्या में काफी कटौती हुई है, जहां पहले बल्ले-बल्ले फार्म के बाहर हजारों की संख्या में भीड़ जुटी रहती थी अब वहां एक भी श्रमिक मौजूद नहीं था।

प्रशासन भी अपनी तरफ से जोर लगा रहा है कि श्रमिक शहर छोड़ कर न जाएं। इसी वजह से शहर में दुकानें और फैक्ट्रियां तक खोल दी गई हैं। वहीं दूसरी तरफ तल्हण रोड पर स्थित ढिल्लों पैलेस में श्रमिकों की रजिस्ट्रेशन की जा रही है। जहां बड़े ही डिसिप्लिन से मजदूरों को बारी-बारी करके पैलेस के अंदर भेजा जा रहा है और वहां स्क्रीनिंग करके उन्हें रेलवे की टिकट और मेडिकल की पर्ची दी जा रही है। इसके साथ ही वहां पर बैठा स्टाफ उनकी हर संभव सहायता भी कर रहा है। गांव वासियों की ओर से श्रमिकों के लिए लंगर भी लगाया गया। इसके अलावा फ्री बसें चलाने के आदेश भी डीसी की ओर से जारी किए गए हैं।

पंजाब सरकार की ओर से निशुल्क रेल सफर के बाद अब उत्तर प्रदेश के 10 जिलों में हर रोज निशुल्क बसें भी चलाने का फैसला लिया गया। डीसी वरिंदर कुमार शर्मा ने बताया कि श्रमिकों को बसों से उनके गांव वापस भेजने के लिए उत्तर प्रदेश के 10 जिलों के मैजिस्ट्रेटओं के साथ संपर्क कर जानकारी हासिल की जाएगी। बसों को रवाना करने के लिए जालंधर से नोडल अफसर भी तैनात किए जाएंगे। बस रवाना होने से 4 घंटे पहले श्रमिकों को सूचित किया जाएगा।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
ढिल्लों पैलेस के बाहर श्रमिकों के लिए लंगर लगाया गया। सेवकों ने पीपीई किट्स पहन कर लंगर वितरण किया।

https://ift.tt/2zPuVuI
May 18, 2020 at 05:00AM

No comments:

Post a Comment