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Tuesday, July 7, 2020

एसटीएफ की रेड, तिहाड़ में चिट्टे की तस्करी में बंद मनजीत की भाभी समेत 4 गिरफ्तार

दोआबा में बड़े स्तर पर चिट्टे की सप्लाई देने वाली परमजीत कौर उर्फ भोला के गुरु गोबिंद सिंह नगर स्थित कोठी पर एसटीएफ ने रेड की। वहां से परमजीत कौर के साथ-साथ एक दंपति और उनका दामाद पकड़ा गया। एसटीएफ ने 500 ग्राम चिट्टा बरामद किया है। परमजीत कौर का जेठ मंजीत सिंह चिट्टे की तस्करी में तिहाड़ जेल में बंद है। आरोप है कि मंजीत के जेल जाते ही उनकी पत्नी पिंकी और भाभी ने चिट्टे का गैरकानूनी काम संभाल लिया। एसटीएफ भोला के पूरे नेटवर्क को ब्रेक करने के लिए देर रात तक रेड में जुटी रही। उधर, एसटीएफ के डीएसपी अजय सिंह मामले को लेकर चुप्पी साधे रहे।
एसटीएफ को इनपुट मिले थे कि चिट्टे की तस्करी में तिहाड़ जेल में बंद मनजीत सिंह की भाभी परमजीत कौर भोला अपनी जेठानी के साथ मिलकर चिट्टे की तस्करी कर दोआबा में सप्लाई देते हैं। यह फैमिली पहले मिट्ठापुर में रहती थी, मगर मंजीत के पकड़ में आ जाने के बाद शिफ्ट होकर गुरु गोबिंद सिंह नगर में आ गई थी। इन के पास लग्जरी गाड़ियां हैं। इनमें यह लोग दिल्ली से चिट्टा लेकर आते थे। एसटीएफ को सोमवार को पुख्ता सूचना मिली कि कुछ लोग गुरु गोबिंद सिंह नगर में परमजीत कौर से चिट्टा खरीदने के लिए उनके घर आए हैं।

इसके बाद डीएसपी अजय सिंह ने अपनी टीम के साथ मिलकर कोठी पर रेड कर दी। यहां पर चिट्टा खरीद कर निकलने की तैयारी कर रहे गांव लखनपाल के अमरीक सिंह और उसकी पत्नी सोमा से 100-100 ग्राम और उनके दामाद संदीप वासी चन्नणपुरा से 50 ग्राम चिट्टा मिला। परमजीत कौर से 250 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया। एसटीएफ परमजीत कौर भोला से यह पता लगा रही है कि वह कहां से चिट्टा खरीद कर आगे कौन-कौन से लोगों को सप्लाई देते हैं।

लग्जरी गाड़ी में खुद नशा देने जाती थी भाेला, व्हाट्सएप पर करती थी कॉल

एसटीएफ को खबर मिली थी कि भोला बड़ी डिलीवरी देने खुद अपनी लग्जरी गाड़ी में जाती है। कभी-कभार वह अपनी जेठानी को भी भेज देती थी। 50 ग्राम से लेकर 100 ग्राम लेने वाले पक्के ग्राहक उसकी कोठी में आकर डिलीवरी लेकर जाते थे। भोला इतनी शातिर है कि वह अपने हर ग्राहक से सोशल मीडिया के जरिए ही कॉल करती थी ताकि पुलिस के ट्रेप में न फंस सके। भोला और उसके ग्राहक को रंगे हाथ पकड़ने के लिए एसटीएफ की टीम काफी समय से होमवर्क कर रही थी। एसटीएफ की रेड से पहले ही भोला की जेठानी पिंकी घर से निकली थी।

एसटीएफ मानकर चल रही थी कि वह चिट्टे की डिलीवरी देने के लिए निकली है। भोला ने कहा कि उसका पति इस धंधे में नहीं पर चिट्टा पीता जरूर है। सोमा और अमरीक सिंह पूछताछ में मानते हैं कि वह रुटीन में भोला से ही चिट्टा खरीदकर अपने गांव या ग्राहक को एक-एक ग्राम की पुड़िया बनाकर बेचते थे। कामकाज न होने के कारण सोमा ने अपने दामाद संदीप को भी इस धंधे में उतार लिया था।



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July 07, 2020 at 05:04AM

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