पंजाब सीटू और भट्ठा मजदूर यूनियन के जिला सचिव कामरेड महिंदर कुमार की अगुवाई में साेमवार काे विशाल रोष प्रदर्शन के बाद डीसी और सहायक कमिश्नर को मांग पत्र दिया गया। इस मौके पर कामरेड महिंदर कुमार ने कहा कि कोरोना महामारी की आड़ में केंद्र और प्रदेशों की सरकारें किसान, मजदूर और मुलाजिमाें के खिलाफ काम कर रही हैं।
गरीब लोगों, किसानाें, मजदूरों और मुलाजिमों का शाेषन कर अमीर और उद्योगपति वर्ग को लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार अमीर वर्ग को करोड़ों रुपए के कर्ज दे रही है जबकि गरीबाें काे पेटभर खाना भी नहीं मिल पा रहा। इनके कर्ज माफ किए जा रहे हैं।
मजदूरों के किरत कानून को खत्म किया जा रहा है। 8 घंटे मजदूरी को रद्द कर 12 घंटे करने की साजिश रची जा रही है। मोदी सरकार ने मई दिवस के बाद ही गरीब किसान, मजदूर और मुलाजिमों के विरोध में फैसले लेने शुरू कर देश के अमीर वर्ग को लाभ पहुंचाना शुरू कर दिया था।
केंद्र की तर्ज पर मजदूर विराेधी नीतियां अपना रही पंजाब सरकार
पंजाब सरकार मजदूर, किसान और मुलाजिम विरोधी नीतियां अपनाकर सभी वित्तीय सहूलियतें खत्म की जा रही हैं। डीए फ्रीज किया जा रहा है। जबरन वेतन काटने के मंसूबे तैयार किए जा रहे हैं। वेतन कमिशन की रिपोर्ट को लागू किया जा रहा है। ठेके पर काम करते मुलाजिमों को वेतन नहीं दिया जा रहा। खजानों पर रोक लगा बकाया भुगतान नहीं किया जा रहा। नेताओं ने कहा कि इस मौके पर सभी मजदूर, मुलाजिम और किसान सरकार की गरीब वर्ग मारू नीतियों से परेशान है। इस मौके ब्रिजपाल, प्रकाश राम,तरसेम लाल,सीतल राम,कमला, बलदेव राज,प्रमोद कुमार,चमन लाल समेत बड़ी गिनती में मजदूर मौजूद थे।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
https://ift.tt/2Z08Gep
June 24, 2020 at 04:53AM
No comments:
Post a Comment